सीतापुर (निशान न्यूज) ग्रामीण एवं खेतिहर मजदूर यूनियनों के आह्वान पर देशव्यापी एक दिवसीय हड़ताल आयोजित की गई। इस हड़ताल के समर्थन में नरेगा संघर्ष मोर्चा से जुड़े विभिन्न मजदूर संगठनों ने जिले के कई ब्लॉकों में प्रदर्शन कर अपनी मांगों को लेकर आवाज बुलंद की।
समता किसान मजदूर संगठन, उत्तर प्रदेश के बैनर तले एलिया, पिसावां, महोली, खैराबाद, गोंदलामऊ और मिश्रिख ब्लॉकों में मजदूरों ने प्रदर्शन करते हुए संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा। प्रदर्शनकारियों ने मनरेगा कानून में किए गए मजदूर विरोधी बदलावों तथा नए वीबी ग्राम जी कानून का विरोध किया।
मजदूर संगठनों की प्रमुख मांगों में वीबी ग्राम जी कानून को तत्काल रद्द करना, मनरेगा को पूर्व की तरह प्रभावी ढंग से लागू करना, फेस हाजिरी व्यवस्था समाप्त कर पुरानी हाजिरी प्रणाली लागू करना, प्रत्येक ग्रामीण परिवार को वर्ष में 300 दिन रोजगार उपलब्ध कराना तथा मजदूरी बढ़ाकर न्यूनतम 700 रुपये प्रतिदिन करना शामिल रहा।
इसके अलावा मजदूरों ने समय से काम और मजदूरी की गारंटी सुनिश्चित करने तथा गांवों में आवश्यकता के अनुसार नए कार्य खोले जाने की मांग भी उठाई, ताकि ग्रामीणों को रोजगार के लिए पलायन न करना पड़े।
एलिया, मछरेहटा और गोंदलामऊ में राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन बीडीओ एवं एपीओ को सौंपा गया, जबकि महोली तहसील में पिसावां और महोली के मजदूरों ने एसडीएम को ज्ञापन दिया। कुछ गांवों में प्रदर्शनकारियों ने ग्राम प्रधानों को भी ज्ञापन सौंपते हुए ग्राम सभा की खुली बैठक बुलाकर वीबी ग्राम जी के विरोध में प्रस्ताव पारित करने की मांग की।
प्रदर्शन में रामबेटी, रोशन, रामकिशोर, बिटोली, जगन्नाथ, राजाराम, पप्पू, राधा, राजश्री, जसना, सरोजनी, शिवम, अर्सिता, कौसर, विद्या सागर, रामसेवक, पिंटू, संतोष, ऊषा, साकरुन और लक्ष्मी समेत बड़ी संख्या में मजदूर शामिल रहे।