सीतापुर ।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी ने 9 अगस्त की क्रांति दिवस पर जनपद सीतापुर में राष्ट्रव्यापी प्रतिरोध दिवस
मनाया और राष्ट्रपति और राज्यपाल को जिलाधिकारी के माध्यम से ज्ञापन दिया। सोनभद्र
में आदिवासियों की हत्या उन्नाव रेप कांड दलितों महिलाओं एवं अल्पसंख्यकों तथा
बदतर कानून व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री को हटाए जाने की मांग की। भारतीय
कम्युनिस्ट पार्टी ने जम्मू कश्मीर मैं आपात काल से भी बुरे हालात पैदा कर वहां
लागू संवैधानिक प्रावधानों को लोकतांत्रिक तरीकों से समाप्त करने का आरोप भी लगाया
है।
भारतीय
कम्युनिस्ट पार्टी के कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट में धरना स्थल पर इकट्ठा हुए और राज्य
सरकार के खिलाफ धरना प्रदर्शन किया। बाद में एक सभा की जिसमें वक्ताओं ने प्रदेश
और जम्मू कश्मीर के मुद्दे उठाए।
भाकपा के जिला
संयोजक एम सलाहुद्दीन ने कहा कि जम्मू व कश्मीर में हालात आपातकाल से भी बदतर है
और वहां के निवासियों का जीवन इस समय मूलभूत सुविधाओं से भी वंचित कर दिया गया है।
कामरेड गया
प्रसाद ने कहा कि प्रदेश सरकार दलितों आदिवासियों अल्पसंख्यकों महिलाओं के विरुद्ध
होने वाले अत्याचारों को नहीं रोक पा रही है। उन्होंने कहा कि पार्टी ने इसलिए
मुख्यमंत्री से इस्तीफे की मांग की है।
हरिराम अरोरा ने
कहा कि प्रदेश में यह कार्यक्रम 7 से 9
अगस्त तक चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा की पार्टी की टीम पार्टी के महासचिव डी
राजा व दोनों सह सचिव सहित राज्य सचिव डॉ गिरीश के नेतृत्व में सोनभद्र गई थी और
इस नतीजे पर पहुंची है कि सोनभद्र के नरसंहार व जमीन घोटाले के लिए राज्य सरकार और
उसके अधिकारी जिम्मेदार हैं। पार्टी नेताओं ने उन्नाव जैसे वीभत्स घटना के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ
कार्रवाई करने व बिगड़ती कानून व्यवस्था के लिए प्रदेश सरकार को जिम्मेदार ठहराया
और मुख्यमंत्री को हटाने की मांग की है।
इस अवसर पर धरना प्रदर्शन में मुख्य रूप से एम
सलाहुद्दीन, गया प्रसाद, हरिराम अरोरा, ज़हीरुद्दीन, कौशल किशोर, शावेज़ खान, सिराज
अहमद सहित तमाम कार्यकर्ता शामिल रहे|

